Sunday, 26 March 2017

अभिलेखो के संरक्षण व आधुनिकीकरण में धन की कमी नही -हसन

महानिदेशक ने किया अभिलेखागार का अवलोकन

बीकानेर, राष्ट्रीय अभिलेखागार नई दिल्ली के महानिदेशक मुशिरूल हसन ने बधुवार को राजस्थान राज्य अभिलेखागार विभाग बीकानेर का अवलोकन के दौरान महानिदेशक ने अभिलेखागार में हुये डिजिटाइजेशन कार्य, कम्यूटरीकरण तथा स्वंतत्रता सेनानी दीर्घा की तारीफ की। अवलोकन के दौरान मुशिरूल हसन में शोध कक्ष, अणु चित्रण कक्ष, लायवेरी, पट्टा अभिलेख, बहियो, टैस्सीटोरी कक्ष, मंसूर, फरमान आदी की गहनता से जानकारी लेकर इनके संरक्षण व ऐतिहासिकता को कायम रखने की बात कही। अभिलेखागार विभाग के निदेशक डॉ महेन्द्र खडगवात व सहायक निदेशक पूनम चन्द जोईया ने अभिलेखागार विभाग में संग्रहित ऐतिहासिक दस्तावेजो, अभिलेखो, बहियो, कम्युटरी करण डिजिटाइजेशन सहित विभिन्न विकास कार्यो की जानकारी दी।


अभिलेखो के संरक्षण व आधुनिकीकरण में धन की कमी नही -हसन 
राष्ट्रीय अभिलेखागार नई दिल्ली के महानिदेशक हसन ने कहा है कि इतिहास व इससे संबंधित अभिलेखो का रिकार्ड का संरक्षण आज की महत्ती आवश्यकता है। इतिहास व अभिलेखो के संरक्षण के लिये केन्द्र व राज्य सरकारे तत्पर है। आधुनिकरण व कम्युटरीकण के माध्यम से अभिलेखागारो में ऐतिहासिक कार्य हो रहा है। बीकानेर प्रवास के दौरान राजस्थान राज्य अभिलेखागार विभाग बीकानेर के अवलोकन के दौरान महानिदेशक ने कहा कि इतिहास को सुरक्षित व संरक्षित रखने में धन की कोई कमी नही है। आधुनिक तकनीको के माध्यम से इतिहास से जुडे अभिलेखो के साथ पट्टा बहियो को न केवल सुरक्षित व संरक्षित रखा जा रहा हैउ अपितु शोधार्थी व आमजन इनका सरलता से अवलोकन कर सके इसके लिये भी अवलोकन कार्य को सरल व कम्युटरीकृत किया जा रहा है। बीकानेर अभिलेखागार में हुये विकास कार्यो को सराहनीय बताते हुए कहा कि विकास का क्रम जारी रहना चाहिये। अभिलेखागार के कार्यो को गति देने के लिेय रिक्त पदो व अर्थ संबंधी समस्याओ पर कहा कि केन्द्र व राज्य सरकार दूर करने का प्रयास कर रही है। अभिलेख व दस्तावजे संरक्षण के लिये केन्द्र व राज्य सरकार ने अभिलेखागार को बजट दिया है आगे भी यह प्रकिया अनवरत जारी रहेगी। 

Archives Department of Rajasthan   Mushirul Hasan   Dr Mahendra Khadgawat